बीकानेर में 8वीं का एग्जाम देने निकली छात्रा की हत्या:शव के पास बैठे ग्रामीण, आरोपियों की गिरफ्तारी व 1 करोड़ मुआवजे की मांग पर अड़े

बीकानेर में शनिवार दोपहर आठवीं कक्षा में पढ़ने वाली एक छात्रा की हत्या के बाद इलाके में तनाव बना हुआ है। मृतका का शव मिलने के 24 घंटे बाद भी परिजन और ग्रामीण मौके से हटने को तैयार नहीं हैं। ग्रामीणों ने पोस्टमॉर्टम के लिए शव को मॉर्च्युरी ले जाने से रोक दिया है और आरोपियों की गिरफ्तारी तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी है।
ग्रामीणों की मांग है कि हत्या करने वालों को तुरंत गिरफ्तार किया जाए, पीड़ित परिवार को एक करोड़ रुपए का मुआवजा दिया जाए और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए।
घर से परीक्षा देने निकली, केंद्र तक पहुंची ही नहीं
जानकारी के अनुसार, छात्रा शनिवार दोपहर आठवीं बोर्ड परीक्षा देने घर से निकली थी, लेकिन परीक्षा केंद्र तक नहीं पहुंची। स्कूल स्टाफ ने अनुपस्थिति की सूचना परिजनों को दी। इसके बाद परिजनों ने खोजबीन शुरू की।
घर और स्कूल के बीच रास्ते में बालिका का अर्धनग्न अवस्था में शव मिला। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में आक्रोश फैल गया। सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और दुष्कर्म के बाद हत्या का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया।
शव उठाने से इनकार, रातभर चला धरना
घटना के बाद से ही ग्रामीण शव के पास धरने पर बैठे हैं। प्रशासन ने समझाइश की, लेकिन प्रदर्शनकारी गिरफ्तारी से पहले शव उठाने को तैयार नहीं हुए।
मौके पर एसडीएम सावरमल रैगर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) बीएल मीणा, सीओ कोलायत, रणजीतपुरा, बज्जू और गजनेर थाना पुलिस टीम के साथ पहुंचे। देर शाम SP कावेंद्र सागर भी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से वार्ता की।
एसपी के नेतृत्व में रात को प्रदर्शनकारियों से बातचीत हुई, लेकिन ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे। रविवार तक भी स्थिति यथावत बनी हुई है।
प्रशासन बोला- शव खुले में रहने से सबूत नष्ट हो रहे
एसडीएम सावरमल रैगर ने बताया – घटना बेहद गंभीर है और पुलिस-प्रशासन पूरी तत्परता से जांच में जुटा है। उन्होंने कहा कि शव खुले में पड़े रहने से सबूत नष्ट होने की आशंका है, जिससे अपराधियों की गिरफ्तारी में बाधा आ सकती है।
उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि पोस्टमॉर्टम होने दें ताकि वैज्ञानिक जांच आगे बढ़ सके और बच्ची को जल्द न्याय मिल सके। प्रशासन ने कानून सम्मत सभी परिलाभ देने का भरोसा दिलाया है।
सीमावर्ती क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात
तनाव को देखते हुए इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। अधिकारियों ने स्थिति पर नजर बनाए रखी है ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे।
वहीं, प्रदर्शनकारी पूरी रात घटना स्थल पर डटे रहे। उनका कहना है कि जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी और मुआवजे की घोषणा नहीं होती, तब तक वे शव नहीं उठाने देंगे।



