द्रव्यवती-नदी को प्रदूषण मुक्त बनाने की कवायद तेज:अधिकारियों ने किया निरीक्षण, 5 दिन में तैयार होगी कार्ययोजना, ACS ने दिए सख्त निर्देश

जयपुर में द्रव्यवती नदी को प्रदूषण मुक्त बनाने को लेकर राज्य सरकार ने सख्ती दिखानी शुरू कर दी है। मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा के निर्देशों के बाद नगरीय विकास एवं आवासन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव आलोक गुप्ता ने शुक्रवार को जेडीए और निगम के अधिकारियों के साथ नदी का निरीक्षण किया और जल्द ठोस कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान जयपुर विकास प्राधिकरण आयुक्त सिद्धार्थ महाजन, नगर निगम आयुक्त ओम कसेरा सहित वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। टीम ने बम्बाला पुलिया से स्वर्ण जयंती पार्क तक नदी के विभिन्न हिस्सों का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान आलोक गुप्ता ने नगर निगम, जेडीए और राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को निर्देश दिए। अगले 5 दिनों में जयपुर शहर का पूरा सर्वे कर द्रव्यवती नदी में प्रदूषण कम करने के लिए ठोस और प्रभावी योजना तैयार की जाए। उन्होंने विशेष रूप से उन नालों की पहचान करने को कहा, जिन्हें बंद कर प्रदूषण को रोका जा सकता है। ऐसे नालों को प्राथमिकता से तुरंत बंद करने के निर्देश दिए।


आलोक गुप्ता ने साथ ही नदी के रख-रखाव पर भी जोर दिया। टाटा प्रोजेक्ट्स द्वारा किए जा रहे मेंटेनेंस कार्य की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने को कहा गया। नदी किनारे बने शौचालयों और वॉक-वे की सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने के निर्देश भी दिए गए।
अतिरिक्त मुख्य सचिव ने कहा कि द्रव्यवती नदी को स्वच्छ और प्रदूषण मुक्त बनाना राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसके लिए सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ तेजी से काम करना होगा, ताकि आने वाले समय में नदी की स्थिति में ठोस सुधार नजर आ सके।



