यूपी में पलटा मौसम, कानपुर समेत 15 जिलों में कोहरा:गोरखपुर में सुबह से बूंदाबांदी, अगले 2 दिन कड़ाके की ठंड पड़ेगी

यूपी में ओले-बारिश के बाद मौसम पलट गया है। एक बार फिर ठंड और कोहरे की वापसी हुई है। गुरुवार सुबह लखनऊ, कानपुर, आगरा, अलीगढ़ समेत 15 जिलों में कोहरा छाया रहा। कई जगह विजिबिलिटी 10 मीटर तक पहुंच गई। सड़कों पर सन्नाटा रहा। जरूरी काम से निकले लोग गर्म कपड़ों में लिपटे नजर आए। जगह-जगह सड़कों के किनारे अलाव जलते दिखाई दिए।
इस बीच मौसम विभाग ने अगले 2 दिन कड़ाके की ठंड और कोहरे की संभावना जताई है। पूर्वी और पश्चिमी हिस्सों में न्यूनतम तापमान में 3 से 5 डिग्री तक की गिरावट आएगी। दिन में धूप और सुबह-शाम में सर्द हवा चलेगी। 30 जनवरी की रात से उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया पश्चिमी विक्षोभ असर डाल सकता है, जिससे मौसम और बिगड़ेगा।
पिछले 24 घंटे की बात करें तो अयोध्या-लखनऊ समेत 9 शहरों में बुधवार को बारिश हुई। बरेली में कुछ इलाकों में ओले भी गिरे। कई जगह सड़कों पर पानी भर गया। संभल में कक्षा 8 तक और सिद्धार्थनगर में कक्षा 12 तक के स्कूल बंद करने पड़े। प्रदेश में बुलंदशहर सबसे ठंडा जिला रहा। यहां तापमान 8.6°C रिकॉर्ड किया गया।
मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने कहा –
पश्चिमी विक्षोभ का असर गुरुवार को नहीं है। इस कारण अगले 48 घंटे में ठंड का असर देखने को मिलेगा। पूर्वांचल के विभिन्न जिलों में घना कोहरा छाएगा।

मौसम की तस्वीरें-


बड़े शहरों का हाल जानिए-
लखनऊ : बारिश से गलन लौट आई है। कई इलाकों मेे कोहरा छाया रहा। धूप के दर्शन भी देर से हुए। आने वाले 3 दिन तक बादलों की आवाजाही की वजह से मौसम में उतार-चढ़ाव रह सकता है। मौसम विभाग का कहना है कि 2 फरवरी से मौसम एकदम साफ हो जाएगा।
कानपुर : सुबह के समय कोहरा छाया रहा। इसके अलावा सर्द हवाओं ने गलन बढ़ा दी है। घने कोहरे की वजह से विजिबिलिटी काफी कम रही। कई जगह 10 मीटर देखना भी मुश्किल हो गया। मौसम विशेषज्ञ के बताते हैं कि उत्तर पश्चिमी हवाएं गलन व ठंड को बढ़ाएंगी।
वाराणसी : आज सुबह बादल रहा। 8 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल रही। तापमान में 2 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। मौसम वैज्ञानिक मनोज श्रीवास्तव ने बताया कि अगले दो दिनों तक ठंड अधिक पड़ेगी। सुबह और शाम आसमान में बादल दिखाई देंगे, लेकिन दोपहर तक धूप निकलेगी।
गाजियाबाद : सुबह से बारिश जैसा मौसम है। आसमान में बादल छाए हैं। सुबह न्यूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिन में अधिकतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। रात में भी 12 किलोमीटर प्रति घंटा की गति से सर्द हवाएं चलीं।
आगरा : गुरुवार सुबह हल्का कोहरा रहा। गलन पड़ रही है। तापमान लगभग 10 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि बुधवार सुबह का तापमान 13.4 डिग्री सेल्सियस था। हल्की हवा और ओस की बूंदों की वजह से तापमान में ये गिरावट आई है। यहां 1 और 2 फरवरी को बारिश के आसार हैं।

अब बाकी शहरों की बात
- गोरखपुर : पिछले एक हफ्ते से राहत थी। हालांकि बुधवार रात और गुरुवार सुबह हल्की बूंदाबांदी हुई। ठंडी हवा चल रही है। सुबह बाद छाए हैं। गलन बढ़ गई है। मौसम विभाग ने आज भी बारिश की आशंका जताई है। न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस रहा। दो दिन में न्यूनतम तापमान में 3 से 5 डिग्री तक की गिरावट की संभावना है।
- अलीगढ़ : दो दिन बादल और बारिश के बाद आज गुरुवार सुबह घना कोहरा रहा। विजिबिलिटी हाइवे पर 10 मीटर के आसपास रही। वहीं न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। हवा 10 की रफ्तार से चल रही है।
- हाथरस : सुबह कोहरा छाया रहा। इससे गलन भरी सर्दी पड़ रही है। आज का अधिकतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 9 डिग्री सेल्सियस रहा। 10 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से हवा चल रही है।
- सीतापुर : सुबह घना कोहरा रहा। बर्फीली हवाओं ने ठंड को और अधिक बढ़ा दिया। विजिबिलिटी महज 20 मीटर तक रह गई। आज सुबह का न्यूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
- गोंडा : सुबह घना कोहरा रहा। न्यूनतम पारा 11 डिग्री रहा। 24 घंटे पहले हुई बरसात का असर अब दिख रहा है।
- बिजनौर : सुबह घना कोहरा छाया रहा, जिससे विजिबिलिटी काफी कम हो गई। वाहन चालकों को हाइवे पर काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। न्यूनतम तापमान 9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
इन जिलों में घने कोहरे का अलर्ट कुशीनगर, महाराजगंज, सिद्धार्थनगर, बलरामपुर, श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सहारनपुर, शामली, मुजफ्फरनगर, बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत।
अगले 3 दिनों तक कैसा रहेगा मौसम
- 30 जनवरी : सुबह घना कोहरा,दिन में धूप निकलेगा।
- 31 जनवरी: कुछ जिलों में कोहरा और 30-40 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से हवा
- 1 फरवरी : कहीं-कहीं तेज हवाएं भी चलने की संभावना है। मौसम शुष्क रहेगा।
बारिश, तेज हवा और ओले गिरने से फसलों को भारी नुकसान कृषि विशेषज्ञों सिद्धार्थ सिंह ने बताया- तेज हवा के साथ अगर गेहूं की फसल गिर रही है तो दाने हल्के हो जाएंगे। इससे उत्पादन में 20% तक की कमी आ सकती है। गन्ने की फसल भी काफी हद तक गिर गई है, जिससे गन्ने के खराब होने और उत्पादन घटने की आशंका बढ़ गई है। सरसों और सब्जियों की फसल को भी इस बारिश ने गंभीर नुकसान पहुंचाया है।
खेतों में अधिक पानी भर जाने से सरसों की फलियां जमीन पर गिर गई हैं, जिससे दाना खराब होने का खतरा है। वहीं सब्जियों की फसलों में जलभराव के कारण गलन की समस्या बढ़ गई है। खासतौर पर सब्जी की खेती करने वाले किसानों को इस बारिश से सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है।