यूपी में भेड़िए बच्चे के दोनों हाथ खा गए, मौत:गर्दन दबोचकर उठा ले गए, लाठी लेकर लोग दौड़े तो 500 मीटर दूर छोड़ा

यूपी के बहराइच में भेड़िए खूंखार हो गए हैं। एक बार फिर शुक्रवार को 2 आदमखोर भेड़िए 5 साल के मासूम को घर से उठा ले गए। एक भेड़िए ने मासूम की गर्दन दबोची, दूसरे ने पैर।
आसपास के लोगों ने देखा तो वह लाठी-डंडे लेकर भेड़िए के पीछे भागे। करीब 500 मीटर दूर खेत में मासूम खून से लथपथ मिला। उसकी दोनों हथेलियां और पंजे भेड़िए खा चुके थे।
रोते हुए परिवार बच्चे को अस्पताल ले गया। हालत गंभीर होने पर लखनऊ रेफर किया गया। लखनऊ लाते वक्त रास्ते में मासूम की मौत हो गई। पिछले 3 महीने में भेड़िया 8 बच्चों और 1 महिला यानी 9 लोगों को मार चुका है। 38 से ज्यादा लोगों को घायल कर चुका है।
खुद सीएम योगी भी बहराइच गए। उन्होंने भेड़िए को मारने के आदेश दिए। इसके बाद 4 भेड़ियों का एनकाउंटर किया गया। बावजूद इसके खूंखार भेड़ियों के आगे पूरा सिस्टम लाचार दिख रहा है। 10 दिन पहले भी भेड़िए पास के ही एक गांव से बच्ची को उठा ले गए। उसका अब तक कुछ पता नहीं चल पाया है।


अब पूरा मामला पढ़िए… घटना जिला मुख्यालय से 50 किलोमीटर दूर कैसरगंज थाना क्षेत्र के गोडहिया के मजरे मल्लहन पुरवा की है। शुक्रवार शाम 4:30 बजे रोशन कुमार का 5 साल का बेटा स्टार घर के ठीक सामने खेल रहा था। परिवार की महिलाएं और पड़ोसी भी वहीं मौजूद थे।
तभी अचानक खेत की तरफ से आए दो भेड़ियों ने बच्चे पर हमला कर दिया। इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता, एक भेड़िए बच्चे को जबड़े में दबोचकर गन्ने के खेत की ओर भाग गया। परिजन और ग्रामीण लाठी-डंडे लेकर भेड़ियों का पीछा किया।
ग्रामीण राजेंद्र सिंह ने अपनी आंखों से पूरी घटना देखी। उन्होंने बताया- दो भेड़िए आए। बच्चा घर के सामने ही खेल रहा था। हम लोग दौड़े, लेकिन तब तक भेड़िया उसे 500 मीटर दूर गन्ने के खेत में खींच ले गया। वहां पहुंचकर देखा तो उसकी दोनों हथेलियां गायब थीं। बच्चा बेहोशी की हालत में खून से लथपथ था।
5 घंटे तक जिंदगी के लिए लड़ा स्टार घटना के बाद परिजन तुरंत उसे कैसरगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए। वहां से प्राथमिक उपचार के बाद रात करीब 8 बजे जिला अस्पताल बहराइच रेफर कर दिया गया। डॉक्टरों ने उसकी स्थिति नाजुक बताते हुए देर रात करीब 10 बजे लखनऊ मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। लखनऊ ले जाते समय बीच रास्ते में रात करीब 11:30 बजे स्टार ने दम तोड़ दिया।
प्रत्यक्षदर्शी बोले- दो भेड़िए एक साथ नोंच रहे थे पड़ोसी राजेंद्र ने बताया- मेरी आंखों के सामने दो भेड़ियों ने बच्चे पर हमला किया था। एक ने उसकी गर्दन पकड़ी थी और दूसरे ने हथेली। मैंने शोर मचाया तो दोनों बच्चे को लेकर खेत की ओर भागे। मैं और बाकी लोग भी लाठी-डंडे लेकर पीछे भागे। हमने शोर मचाया तो भेड़िए गन्ने के खेत में बच्चे को छोड़कर भाग गए।