राजस्थान

रास्ते के विवाद में पीट-पीटकर हत्या,14 को उम्रकैद:15 लोगों को 2-2 साल की सजा; एससी-एसटी कोर्ट ने सुनाया फैसला

रास्ते के विवाद में पीट-पीटकर हत्या करने के मामले में 14 लोगों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। वहीं 15 लोगों को 2-2 साल की सजा सुनाते हुए प्रोविजन का लाभ दिया है। फैसला अलवर एससी-एसटी कोर्ट की जज अनीता सिंधल ने सुनाया है।

मामला 16 सितंबर 2010 को खेड़ली थाना इलाके का है। सरकारी वकील योगेंद्र खटाना ने बताया- घाटा भंवर गांव के दो पक्षों ने क्रॉस मुकदमा दर्ज करवाया था। अभियोजन पक्ष की ओर से 31 गवाहों के बयान पेश किए गए, जिनके आधार पर कोर्ट ने फैसला सुनाया।

एससी-एसटी कोर्ट से पुलिस की गाड़ी में आरोपियों को जेल ले जाते हुए।

अब पढ़िए, क्या था मामला

घाटा भंवर गांव में रास्ते को लेकर दो समाज के लोगों के बीच विवाद हुआ था। मामला इतना बढ़ गया था कि लाठी-डंडों से मारपीट में एक की हत्या कर दी गई थी। दोनों पक्षों ने क्रॉस मुकदमा दर्ज करवाया था।

हमले में हुई थी एक की मौत 2010 में घाटा भंवर गांव के परिवादी राजेंद्र सिंह मीणा ने पुलिस को दी रिपोर्ट में बताया था कि गांव के एक रास्ता पर आरोपी पप्पू राम सैनी, विजय सैनी और बबलू सैनी ने अपने परिवार व समाज के लोगों के साथ मिलकर हल चला दिया। इससे रास्ता ही गायब हो गया।

इसके बाद पंचायत में फैसला हुआ कि इस रास्ते के अगल-बगल में पत्थर लगवाए दिए जाए। वहीं पप्पू सैनी और उसके साथियों को पाबंद किया गया कि वे रास्ते को वापस नुकसान न पहुंचाए। इसके बावजूद आरोपियों ने रास्ते से पत्थर हटाकर फेंक दिए।

परिवादी ने बताया कि हमारे परिवार और आस-पास के लोगों ने विरोध किया तो पप्पू, बबलू और विजय के परिवार व समाज के लोगों ने लाठी-डंडों व फर्सी से हमला कर दिया। हमले में कई लोग घायल हुए और रामस्वरुप की जयपुर में इलाज के दौरान मौत हो गई।

दूसरे पक्ष ने भी मारपीट का लगाया था आरोप घाटा भंवर गांव के घुड़िया राम ने पुलिस को दी रिपोर्ट में कहा था कि राजेंद्र सिंह मीणा सहित अन्य लोगों ने उन पर और परिवार पर लाठी-डंडों से हमला किया। वर्तमान में घुड़िया राम का निधन हो चुका हैं।

एक पक्ष के 14 लोगों को उम्र कैद,2 की मौत कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए एक पक्ष के पप्पू राम, बबलू, मुकेश, विजय, नरोत्तम, बच्चू राम, लाल राम, प्रकाश, शंभू, रामबाबू, वकील, कुंदन, राधेश्याम और हरिमोहन को दोषी पाते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है। वहीं ट्रायल के दौरान आरोपियों में सेघुड़िया राम और एक अन्य की मृत्यु हो गई, जबकि एक आरोपी हरि वर्तमान में भी फरार है।

दूसरे पक्ष के 15 लोगों को 2-2 साल की सजा दूसरे पक्ष के 15 लोगों शेव प्रसाद, होती, अमरसिंह, राकेश, बनवारी, काला, रामसिंह, अशोक, रमेश, राजेंद्र, पुटटल, नारायण, कमल, ननगु और सूजन को दो-दो साल की कारावास की सजा सुनाई गई है। सभी को कोर्ट ने प्रोविजन का लाभ देते हुए सशर्त राहत प्रदान की है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button